एक बार तुमने कहा था-
जब मैं चिर निंद्रा में
लीन हो जाँउगी,
तो यह मत समझना कि
मैं तुमसे दूर हो जाऊँगी।
मुझे पाने के लिए
अपने दिल के भीतर झाँकना
मैं तुम्हें वहीं मिल जाऊँगी,
मैं कहीं भी चली जाऊँ
तुम्हारे दिल में सदा
बसी रहूँगी।
आज तन्हाई की बेला में
जैसे ही मैंने तुम्हें याद किया
तुम मेरी यादों में चली आई,
पलकों को बंद करते ही
मेरे ख्यालों में समा गई।
तुमने सच ही कहा था---
मैं तुम्हारे दिल में सदा
बसी रहूँगी
हाँ, तुम मेरे दिल में सदा
बसी रहोगी।
पेज संख्या ----- 63
जब मैं चिर निंद्रा में
लीन हो जाँउगी,
तो यह मत समझना कि
मैं तुमसे दूर हो जाऊँगी।
मुझे पाने के लिए
अपने दिल के भीतर झाँकना
मैं तुम्हें वहीं मिल जाऊँगी,
मैं कहीं भी चली जाऊँ
तुम्हारे दिल में सदा
बसी रहूँगी।
आज तन्हाई की बेला में
जैसे ही मैंने तुम्हें याद किया
तुम मेरी यादों में चली आई,
पलकों को बंद करते ही
मेरे ख्यालों में समा गई।
तुमने सच ही कहा था---
मैं तुम्हारे दिल में सदा
बसी रहूँगी
हाँ, तुम मेरे दिल में सदा
बसी रहोगी।
पेज संख्या ----- 63
No comments:
Post a Comment